उत्तराखंड भाजपा में बड़ा फेरबदल: दुष्यंत गौतम की जगह राम माधव को कमान, बांसुरी स्वराज और अरविंद मेनन सह-प्रभारी

 

देहरादून: भारतीय जनता पार्टी ने संगठनात्मक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए उत्तराखंड के लिए नई प्रभारी टीम का ऐलान किया है। पार्टी ने राम माधव को उत्तराखंड का प्रभारी नियुक्त किया है। उनके साथ अरविंद मेनन और सांसद बांसुरी स्वराज को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की ओर से की गई इन नियुक्तियों को तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है। इस बदलाव के साथ अब तक उत्तराखंड भाजपा के प्रभारी रहे दुष्यंत कुमार गौतम की जिम्मेदारी समाप्त हो गई है। गौतम नवंबर 2020 में उत्तराखंड के प्रभारी बनाए गए थे। उस समय उनके साथ रेखा वर्मा को सह-प्रभारी नियुक्त किया गया था।

राम माधव को उत्तराखंड के साथ तमिलनाडु की भी जिम्मेदारी

भाजपा की नई सूची के मुताबिक राम माधव को उत्तराखंड के साथ तमिलनाडु का भी प्रभारी बनाया गया है। तमिलनाडु में उनके साथ निर्मल कुमार सुराना और डी.के. अरुणा को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं उत्तराखंड में अरविंद मेनन और बांसुरी स्वराज उनके साथ संगठनात्मक जिम्मेदारी संभालेंगे। भाजपा ने 28 राज्यों और आठ केंद्र शासित प्रदेशों के लिए प्रभारी और सह-प्रभारियों की नई टीम घोषित की है। पार्टी के इस संगठनात्मक फेरबदल में कई राज्यों में नए चेहरों को जिम्मेदारियां दी गई हैं।

2027 के विधानसभा चुनाव से पहले अहम बदलाव

उत्तराखंड में वर्ष 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में प्रदेश भाजपा के प्रभारी और सह-प्रभारियों में बदलाव को संगठनात्मक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। नई टीम के सामने प्रदेश संगठन के साथ समन्वय, बूथ स्तर तक संगठनात्मक गतिविधियों और आगामी चुनाव से जुड़ी तैयारियों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी होगी।

भाजपा ने 2027 में विधानसभा चुनाव वाले राज्यों के लिए भी संगठनात्मक टीमों में बदलाव किया है। उत्तराखंड के अलावा उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, गुजरात, गोवा और मणिपुर के लिए भी नई प्रभारी व्यवस्थाएं घोषित की गई हैं।

दुष्यंत गौतम को लेकर पहले भी रहा राजनीतिक विवाद

दुष्यंत गौतम के उत्तराखंड प्रभारी रहते हुए वर्ष 2026 में अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े कथित ऑडियो और सोशल मीडिया सामग्री को लेकर राजनीतिक विवाद सामने आया था। कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर गौतम को मामले से जोड़ने के आरोप लगाए थे। गौतम ने इन आरोपों को खारिज करते हुए मानहानि की कानूनी कार्रवाई की थी।

जनवरी 2026 में दिल्ली हाई कोर्ट ने गौतम को अंकिता भंडारी हत्याकांड से जोड़ने वाली कुछ सोशल मीडिया सामग्री को प्रथम दृष्टया मानहानिकारक बताते हुए उसे हटाने के निर्देश दिए थे। दूसरी ओर, उत्तराखंड हाई कोर्ट में भी इस विवाद से जुड़े मामलों में कानूनी कार्यवाही हुई। इसलिए इस पूरे प्रकरण में आरोपों और न्यायिक रूप से स्थापित तथ्यों के बीच अंतर रखना जरूरी है।

नई टीम में बांसुरी स्वराज और अरविंद मेनन

भाजपा ने बांसुरी स्वराज और अरविंद मेनन को उत्तराखंड का सह-प्रभारी बनाकर प्रदेश संगठन में नई टीम तैयार की है। बांसुरी स्वराज दिल्ली से भाजपा सांसद हैं, जबकि अरविंद मेनन पार्टी के संगठनात्मक कार्यों में लंबे समय से सक्रिय रहे हैं। नई टीम अब प्रदेश भाजपा के साथ समन्वय कर संगठनात्मक गतिविधियों को आगे बढ़ाएगी। नियुक्तियों के बाद उत्तराखंड भाजपा में आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन की गतिविधियों पर फोकस बढ़ने की संभावना है।

भाजपा ने कई राज्यों में बदले प्रभारी

भाजपा के व्यापक संगठनात्मक फेरबदल में स्मृति ईरानी को हरियाणा और छत्तीसगढ़, विनोद तावड़े को उत्तर प्रदेश, संजय भाटिया को राजस्थान, बैजयंत पांडा को महाराष्ट्र और सुनील बंसल को तेलंगाना व पश्चिम बंगाल की जिम्मेदारी दी गई है। इस फेरबदल के जरिए भाजपा ने राज्यों में संगठनात्मक जिम्मेदारियों का नया ढांचा तैयार किया है। उत्तराखंड में राम माधव के नेतृत्व में नई टीम अब प्रदेश संगठन के साथ काम करेगी।

उत्तराखंड भाजपा की नई प्रभारी टीम

  • प्रदेश प्रभारी: राम माधव

  • सह-प्रभारी: अरविंद मेनन

  • सह-प्रभारी: बांसुरी स्वराज

  • पूर्व प्रभारी: दुष्यंत कुमार गौतम

नई नियुक्तियां तत्काल प्रभाव से लागू होंगी।