उत्तराखंड - नाबालिग छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म, पूर्व BJP नेता समेत 3 पर आरोप

 

 चंपावत( उत्तराखंड पोस्ट)  उत्तराखंड के चंपावत जिले में नाबालिग लड़की से कथित सामूहिक दुष्कर्म के मामले ने प्रदेशभर में सनसनी फैला दी है।

 

 

घटना के सामने आने के बाद जहां स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है, वहीं राजनीतिक गलियारों में भी इसे लेकर घमासान शुरू हो गया है। आरोपियों में भाजपा के पूर्व मंडल उपाध्यक्ष का नाम सामने आने के बाद विपक्ष ने राज्य सरकार और भाजपा पर तीखे सवाल उठाए हैं।

शादी समारोह में गई थी नाबालिग

पुलिस के मुताबिक, पीड़िता सल्ली गांव में आयोजित एक शादी समारोह में शामिल होने गई थी। आरोप है कि इसी दौरान तीन युवकों ने उसे अपने कब्जे में लेकर सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद पीड़िता गंभीर हालत में एक डेयरी के पास बेहोशी की हालत में मिली। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़िता को उपचार व मेडिकल जांच के लिए अस्पताल भेजा गया। मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

आरोपी फरार, गिरफ्तारी के लिए दबिश

पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। फिलहाल तीनों आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। मामले में पूरण रावत नामक व्यक्ति का नाम सामने आया है, जिसे भाजपा का पूर्व मंडल उपाध्यक्ष बताया जा रहा है। आरोपी के राजनीतिक संबंध उजागर होने के बाद मामला और अधिक संवेदनशील हो गया है।

कांग्रेस ने भाजपा पर साधा निशाना

घटना को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर हमला बोला है। कांग्रेस ने सोशल मीडिया के जरिए मामले की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि “बेटी बचाओ” का नारा देने वाली भाजपा के नेताओं पर ही गंभीर आरोप लग रहे हैं। कांग्रेस ने दावा किया कि आरोपियों ने नाबालिग के साथ दरिंदगी करने के बाद उसे बुरी तरह पीटा, हाथ-पैर बांधे और कमरे में निर्वस्त्र छोड़कर फरार हो गए।

UKD ने भी की सख्त कार्रवाई की मांग

उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) ने भी घटना पर कड़ा विरोध जताते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। विपक्षी दलों का कहना है कि राज्य में महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। घटना के बाद इलाके में लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।

पुलिस जांच जारी

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों से बचने और जांच पूरी होने तक संयम बनाए रखने की अपील की है।