हल्द्वानी | मंडलायुक्त रौतेला का अधिकारियों को समय पर विकास कार्य पूरा करने के निर्देश

हल्द्वानी (उत्तराखंड पोस्ट)  कुमाऊॅ मण्डल में विभिन्न विभागों व कार्यदायी संस्थाओं द्वारा 3 करोड़ व उससे अधिक की लागत से किए जा रहे निर्माण कार्यो की गहन समीक्षा करते हुए मण्डलायुक्त/सचिव माननीय मुख्यमंत्री राजीव रौतेला ने कहा कि जिन विकास कार्यों में पूर्ण धनराशि प्राप्त हो चुकी है, उन कार्यों  को समयावधि में पूर्ण करना सुनिश्चित करें ताकि जनता को विकास कार्यों का लाभ समय से मिल सके।

रौतेला ने सर्किट हाउस काठगोदाम में विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि जिन विभागों के नोडल अधिकारी कुमाऊॅ मण्डल में तैनात नहीं हैं वे विभाग अपने मण्डल अथवा जिला स्तरीय अधिकारी को नोडल अधिकारी तैनात करें ताकि विभागीय कार्यों की नियमित माॅनीटरिंग हो सके व जनपद के जिलाधिकारी अथवा सीडीओ भी कार्यदायी संस्थाओं द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति व गुणवत्ता पर नज़र रखते हुए समीक्षा कर सकें।

आयुक्त एवं सचिव माननीय मुख्यमंत्री रौतेला ने गत समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों का अनुपालन न करने पर निदेशक उच्च शिक्षा का स्पष्टीकरण तलब किया। उन्होंने आरएफसी कार्यालय को 31 दिसम्बर तक पूर्ण करने के निर्देश कार्यदायी संस्था को देते हुए कहा कि 1 जनवरी सेे आरएफसी अपने नए कार्यालय में बैठना सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने कहा कि जिन कार्यदायी संस्थाओं द्वारा निर्माण कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं वे शीघ्र विकास कार्यों को सम्बन्धित विभागों को हस्तगत कराना सुनिश्चित करें ताकि उनका जन उपयोग किया जा सके।


रौतेला ने पिथौरागढ़ में निर्माणाधीन कारागार की समीक्षा करते हुए कहा कि 2007 में स्वीकृत 407.40 लाख रूपये की धनराशि अवमुक्त होने पर भी मात्र 45 प्रतिशत भौतिक प्रगति होेने पर कार्यदायी संस्था उत्तराखण्ड पेयजल निगम से प्रगति कम होने का कारण पूछा, जिस पर कार्यदायी संस्था द्वारा अवगत कराया गया कि कारागार का पुनः प्रांकलन 2504.53 लाख का शासन को प्रेषित किया गया है। जिसका प्रमुख सचिव द्वारा बैठक कर आगणन स्वीकृति हेतु नियोजन विभाग को प्रेषित किया गया है। पुलिस थाना दन्या में आवासीय व अनावासीय भवन 398.40 लाख से निर्माणाधीन की प्रगति पूछने पर कार्यदायी संस्था द्वारा बताया कि स्थल विकास कार्य पूर्ण कर लिया गया है तथा फाउण्डेशन पूर्ण कर भवन स्लेब कार्य प्रगति पर है। उप कारागार हल्द्वानी में 45 आवासों का निर्माण 848.50 लाख रूपये की लागत से किया जा रहा है, जिसमें से 680 लाख की धनराशि अवमुक्त हुई है तथा 55 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है,जिस पर आयुक्त ने आगामी मार्च तक कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। परिवहन विभाग की समीक्षा करते हुए उन्होंने पेयजल निगम को सितारगंज बस अड्डा, अन्तराज्यीय बस अड्डा अल्मोड़ा, उप संभागीय परिवहन कार्यालय टनकपुर, भवाली बस स्टेशन व कार्यशाला के निर्माण में गति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने इंजीनियरिंग काॅलेज द्वाराहाट में 78 शीटर गल्र्स हाॅस्टल व 100 शीटर बालक हाॅस्टल निर्माण कार्य की समीक्षा की, कार्यदायी संस्था पेयजल निर्माण निगम द्वारा अवगत कराया गया कि गल्र्स हाॅस्टल कार्य पूर्ण कर हस्तगत कर दिया गया है जबकि बालक हाॅस्टल का कार्य 68 प्रतिशत पूर्ण कर लिया गया है। आयुक्त ने इंजीनियरिंग काॅलेज में पढ़ाई का स्तर बढ़ाते हुए कैम्पस सलेक्शन पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने आयुष विभाग द्वारा 989.17 लाख रूपये की लागत से निर्माणाधीन 50 शय्या युक्त आयुष चिकित्सालय की कार्य प्रगति की समीक्षा की, जिस पर कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम ने बताया कि 989.17 के सापेक्ष 819.70 लाख रूपये की धनराशि प्राप्त हो चुकी है तथा 94 प्रतिशत कार्य पूर्ण कर लिया गया है और शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कर लिया जाएगा। उन्होंने हल्द्वानी में अन्तराष्ट्रीय ज़ू की 1384.61 लाख से निर्माधीन चाहरदीवारी की प्रगति जाननी चाही, जिस पर निर्माण संस्था पेयजल निगम द्वारा अवगत कराया गया कि कुल 13 किमी चाहरदीवारी के सापेक्ष 12 किमी की चाहरदीवारी निर्माण कर लिया गया है। उन्होंने पन्तनगर विश्वविद्यालय में 225 छात्रों का छात्रावास की कार्य प्रगति की समीक्षा की, जिसपर कार्यदायी संस्था द्वारा अवगत कराया गया कि तीन मंजिला छात्रावास भवन, डायनिंग हाॅल का कार्य 87 प्रतिशत कर लिया गया है। इसी प्रकार मंदाकिनी हाॅस्टल का कार्य भी 87 प्रतिशत कर लिया गया है साथ ही बताया कि 613.36 लाख का पुनरीक्षण आगणन शासन को प्रेषित किया गया है।

रौतेला ने ब्रिडकुल द्वारा नैनी-सैनी हवाई पट्टी विस्तारीकरण एवं सुदृढ़ीकरण कार्य की समीक्षा की, जिस पर कार्यदायी संस्था द्वारा अवगत कराया गया कि कार्य 100 प्रतिशत कर लिया गया है।

रौतेला ने चम्पावत में निर्माणाधीन इंटीग्रेटेड नर्सिंग काॅलेज के कार्य प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि जिलाधिकारी चम्पावत प्राथमिकता तय करते हुए निर्माण कार्य करायें ताकि नर्सिंग काॅलेज शीघ्रता से प्रारंभ हो सके तथा अन्य निर्माण कार्य भी साथ-साथ चलते रहें साथ ही उन्होंने उच्चा शिक्षा विभाग के निर्माणाधीन 11 डिग्री काॅलेज भवन कार्यो की  समीक्षा करते हुए कार्यदायी संस्थाओं को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।

उन्होंने मेडीकल काॅलेज के निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी व मुख्य विकास अधिकारी अल्मोड़ा को निर्देश दिए कि वे अपने स्तर पर काॅलेज निर्माण कार्यों की गहनता से समीक्षा करें व प्रशासनिक भवनों के साथ ही हाॅस्टल कार्यो में भी प्रगति लाये ताकि काॅलेज को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित किया जा सके।

बैठक में बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, सहकारिता, संस्कृति, मुक्त विश्वविद्यालय, राज्यकर, तकनीकी शिक्षा, खाद्य एवं आपूर्ति, वन विकास निगम, पर्यटन, रूसा, आदि के निर्माण कार्यों की भी गहनता से समीक्षा की गयी। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं व विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन विकास कार्यों में प्रथम किस्त प्राप्त हुए उसका उपयोग प्रमाणपत्र शीघ्रता से दें ताकि धनराशि की अगली किस्त जारी करायी जा सके व कार्यों में गति लायी जा सके।

बैठक में जिलाधिकारी डाॅ.नीरज खेरवाल, रंजना राजगुरू, एसएन पाण्डे, अपर आयुक्त संजय खेतवाल, आरएफसी ललित मोहन रयाल, मुख्य विकास अधिकारी मनुज गोयल, मयूर दीक्षित, एपीडी जीसी पन्त, शिल्पी पन्त, उप निदेशक अर्थ एवं संख्या एलएम जोशी, प्रभागीय वनाधिकारी नितीश मणि त्रिपाठी, अपर निदेशक शिक्षा रघुनाथ लाल आर्य, सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह, जेलर मनोज कुमार, आरएम सिडकुल परितोष वर्मा, एआरटीओ गुरदेव सिंह सहित अनेक मण्डलीय अधिकारी व कार्यदायी संस्था के अधिकारी मौजूद थे।