मुख्यमंत्री धामी की कैबिनेट बैठक खत्म, 15 प्रस्तावों पर लगी मुहर

  1. Home
  2. Dehradun

मुख्यमंत्री धामी की कैबिनेट बैठक खत्म, 15 प्रस्तावों पर लगी मुहर

Dhami Cabinet


 देहरादून (उत्तराखंड पोस्ट) मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक समाप्त हो गई है। बैठक में कुल 15 प्रस्तावों पर मुहर लगी। कैबिनेट के फैसलों में पशुपालन, श्रमिक कल्याण, न्यायिक बुनियादी ढांचे, खेल, पर्यटन, पेयजल और औद्योगिक विकास से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय शामिल हैं।

 

बैठक का सबसे अहम फैसला गोपालन योजना के दायरे का विस्तार है। अब सामान्य वर्ग के लोग भी इस योजना का लाभ उठा सकेंगे। इसके अलावा श्रमिकों के वेतन भुगतान को लेकर भी बड़ा निर्णय लिया गया है। अब नियोक्ताओं को हर महीने की 7 तारीख तक मजदूरी का भुगतान करना होगा और महिला-पुरुष श्रमिकों को समान कार्य के लिए समान वेतन देना होगा।

 कैबिनेट के 15 बड़े फैसले

धामी कैबिनेट की बैठक में लिए गए प्रमुख फैसले इस प्रकार हैं—

  • गोपालन योजना का लाभ अब सामान्य वर्ग के लोगों को भी मिलेगा।
  • उत्तराखंड मजदूरी संहिता नियमावली-2026 को मंजूरी।
  • उत्तराखंड माल एवं सेवा कर (संशोधन) अध्यादेश-2026 को मंजूरी।
  • हल्द्वानी के लामाचौड़ में हाईकोर्ट परिसर के लिए करीब 30 हेक्टेयर भूमि हस्तांतरण को मंजूरी।
  • उत्तराखंड राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय, हल्द्वानी के लिए 122 पदों के सृजन को मंजूरी।
  • अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति छात्रावासों के लिए संचालन नियमावली-2026 को मंजूरी।
  • जल जीवन मिशन की केंद्र सरकार की गाइडलाइन के तहत योजनाओं के हस्तांतरण के प्रोटोकॉल को मंजूरी।
  • सहकारी समिति नियमावली में संशोधन कर कुष्ठ रोग से जुड़े प्रावधानों में बदलाव।
  • गंगा एक्सप्रेसवे को मेरठ से हरिद्वार तक विस्तारित करने के लिए उत्तर प्रदेश के साथ MoU को मंजूरी।
  • उत्तराखंड औद्योगिक संबंध नियमावली-2026 को मंजूरी।
  • नियोजक और कर्मकार के बीच संबंध बेहतर बनाने तथा शिकायतों के त्वरित निस्तारण की व्यवस्था।
  • छंटनी किए गए कर्मचारियों को दोबारा अवसर देने से जुड़े प्रावधान।
  • उत्तराखंड वन विकास निगम सेवा (संशोधन) विनियमावली-2026 को मंजूरी।
  • स्केलर पदों पर 100 अंकों की लिखित परीक्षा का प्रावधान।
  • ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए उच्चाधिकार प्राप्त समिति (HPC) की संरचना में संशोधन।

सामान्य वर्ग को भी मिलेगा गोपालन योजना का लाभ

धामी कैबिनेट ने राज्य की गोपालन योजना का दायरा बढ़ाने का फैसला लिया है। अब सामान्य वर्ग के पशुपालक भी इस योजना का लाभ ले सकेंगे। योजना के तहत लाभार्थी अधिकतम दो पशु ले सकेंगे और पशु खरीद पर सब्सिडी का प्रावधान रहेगा।

सरकार के इस फैसले का उद्देश्य पशुपालन को बढ़ावा देने के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के अवसर बढ़ाना और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।

 

श्रमिकों के लिए बड़ा फैसला, 7 तारीख तक देना होगा वेतन

कैबिनेट ने उत्तराखंड मजदूरी संहिता नियमावली-2026 को मंजूरी दे दी है। इसमें संगठित और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए कई प्रावधान किए गए हैं।

नियमावली के तहत नियोक्ता को हर महीने की 7 तारीख तक मजदूरी का भुगतान करना होगा। मजदूरी का भुगतान डिजिटल माध्यम से किए जाने का प्रावधान भी किया गया है।

इसके अलावा महिला और पुरुष श्रमिकों को समान कार्य के लिए समान वेतन देने की व्यवस्था की गई है। ओवरटाइम भुगतान समेत श्रमिकों के आर्थिक और सामाजिक हितों की सुरक्षा पर भी जोर दिया गया है।

हल्द्वानी में हाईकोर्ट कॉम्प्लेक्स के लिए 30 हेक्टेयर जमीन

कैबिनेट ने हल्द्वानी के लामाचौड़ क्षेत्र में हाईकोर्ट परिसर के निर्माण के लिए करीब 30 हेक्टेयर भूमि हस्तांतरित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।

यह भूमि 73 हेक्टेयर उपलब्ध वन भूमि में से आवश्यकता के अनुसार हस्तांतरित की जाएगी। प्रस्तावित परिसर में मुख्य न्यायालय भवन, न्यायाधीशों के आवास, अधिवक्ता चैंबर, पार्किंग और प्रशासनिक कार्यालय जैसी सुविधाएं विकसित की जानी हैं।

हल्द्वानी क्रीड़ा विश्वविद्यालय में 122 पदों को मंजूरी

उत्तराखंड राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय, गौलापार (हल्द्वानी) के संचालन के लिए 122 पदों के सृजन को कैबिनेट ने मंजूरी दी है।

यह उत्तराखंड का पहला राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय है, जिसे करीब 90 एकड़ भूमि में विकसित किया जा रहा है। विश्वविद्यालय का उद्देश्य प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को बेहतर प्रशिक्षण और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना तथा मिशन ओलंपिक 2036 के अनुरूप विश्वस्तरीय खिलाड़ी तैयार करना है।

गंगा एक्सप्रेसवे का हरिद्वार तक होगा विस्तार

कैबिनेट ने गंगा एक्सप्रेसवे को मेरठ से हरिद्वार तक विस्तारित करने के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड सरकार के बीच समझौता ज्ञापन (MoU) किए जाने को मंजूरी दी है।

इस विस्तार से हरिद्वार की कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है। इससे धार्मिक पर्यटन, व्यापार, औद्योगिक गतिविधियों और आर्थिक विकास को गति मिल सकती है। साथ ही उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों से हरिद्वार की सीधी कनेक्टिविटी मजबूत होगी।

उत्तराखंड में ईको टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा

राज्य में ईको टूरिज्म गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए गठित उच्चाधिकार प्राप्त समिति (HPC) की संरचना में संशोधन को कैबिनेट ने मंजूरी दी है।

मुख्य सचिव की अध्यक्षता वाली इस समिति का उद्देश्य वन क्षेत्रों में ईको टूरिज्म गतिविधियों को व्यवस्थित रूप से बढ़ावा देना, नए ईको टूरिज्म हब विकसित करना और ट्रेकिंग एवं पर्वतारोहण गतिविधियों को बेहतर तरीके से संचालित करना है।

इसके साथ ही पर्यावरण संरक्षण, स्थानीय समुदायों की भागीदारी और वन क्षेत्रों में उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों के बेहतर प्रबंधन पर भी जोर दिया जाएगा।

GST संशोधन अध्यादेश को मंजूरी

कैबिनेट ने उत्तराखंड माल और सेवा कर (संशोधन) अध्यादेश-2026 को प्रख्यापित करने की मंजूरी दे दी है।

यह संशोधन केंद्र सरकार के GST कानून में किए गए बदलावों के अनुरूप राज्य में कर व्यवस्था को अपडेट करने और राजस्व व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से किया गया है।

SC-ST छात्रावासों के लिए नई नियमावली

समाज कल्याण विभाग की ओर से संचालित छात्रावासों के लिए नई नियमावली को मंजूरी दी गई है। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति छात्रावास संचालन नियमावली-2026 के तहत छात्रावासों के संचालन, सुविधाओं और व्यवस्थाओं को व्यवस्थित किया जाएगा। इससे छात्र-छात्राओं को बेहतर आवासीय और शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

जल जीवन मिशन की योजनाओं के हस्तांतरण का रास्ता साफ

कैबिनेट ने जल जीवन मिशन के तहत ग्रामीण पेयजल योजनाओं की कमीशनिंग और ग्राम पंचायतों तथा ग्राम जल एवं स्वच्छता समितियों को योजनाओं के हस्तांतरण के लिए प्रोटोकॉल को मंजूरी दी है।

केंद्र सरकार की गाइडलाइन के अनुरूप लागू होने वाले इस प्रोटोकॉल से पूर्ण हो चुकी ग्रामीण पेयजल योजनाओं के संचालन और रखरखाव की जिम्मेदारी तय करने में मदद मिलेगी।

कुष्ठ रोग से जुड़े प्रावधानों में संशोधन

सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के अनुपालन में उत्तराखंड सहकारी समिति नियमावली, 2004 के संबंधित प्रावधानों में संशोधन को मंजूरी दी गई है।

नियमावली में कुष्ठ रोग से संबंधित प्रावधानों को संशोधित किया जाएगा, जिससे सहकारी समितियों में भेदभावपूर्ण प्रावधानों को हटाने की दिशा में कदम उठाया जा सके।

वन विकास निगम में स्केलर भर्ती होगी पारदर्शी

कैबिनेट ने उत्तराखंड वन विकास निगम सेवा (संशोधन) विनियमावली-2026 को मंजूरी दी है। इसके तहत स्केलर पदों के लिए 100 अंकों की लिखित परीक्षा का प्रावधान किया गया है।

इस बदलाव का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाना है।

औद्योगिक संबंध नियमावली-2026 को मंजूरी

उत्तराखंड कैबिनेट ने औद्योगिक संबंध नियमावली-2026 को भी मंजूरी दे दी है। इसका उद्देश्य राज्य में श्रम एवं औद्योगिक संबंधों से जुड़े नियमों को आधुनिक और प्रभावी बनाना है।

नियमावली में औद्योगिक विवादों के समाधान, शिकायत निवारण समिति, ट्रेड यूनियन से जुड़े प्रावधानों और कर्मचारियों के अधिकारों को लेकर व्यवस्था की गई है। इससे नियोजक और कर्मकार के बीच संबंध बेहतर बनाने तथा शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने में मदद मिलने की उम्मीद है।

बंगाली मूल के अनुसूचित जाति समुदाय के लिए फैसला

कैबिनेट ने बंगाली मूल के अनुसूचित जाति समुदाय के लिए गठित सहायता कोष संचालन समिति में संशोधन को मंजूरी दी है।

इसके तहत समिति में उपाध्यक्ष और सदस्य पदों पर बंगाली अनुसूचित जाति समुदाय से नामांकन किए जाने का प्रावधान किया गया है।

धामी कैबिनेट के फैसलों में किन क्षेत्रों पर रहा फोकस?

धामी कैबिनेट की बैठक में लिए गए फैसलों से साफ है कि सरकार ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था, पशुपालन, श्रमिक कल्याण, खेल, न्यायिक ढांचा, पर्यटन, पेयजल और औद्योगिक विकास को प्राथमिकता दी है।

गोपालन योजना का विस्तार जहां पशुपालकों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, वहीं मजदूरी संहिता से श्रमिकों के वेतन और अधिकारों से जुड़े प्रावधान मजबूत होंगे। दूसरी ओर, हाईकोर्ट परिसर, क्रीड़ा विश्वविद्यालय और गंगा एक्सप्रेसवे से जुड़े फैसलों का असर राज्य के बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी पर पड़ सकता है।

uttarakhand postपर हमसे जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक  करे , साथ ही और भी Hindi News (हिंदी समाचार ) के अपडेट के लिए हमे गूगल न्यूज़  google newsपर फॉलो करे