Intercropping Farming: क्या होती है इंटरक्रॉपिंग? एक साथ दो फसलों की खेती कर किसान कैसे बढ़ा सकते हैं अपनी कमाई

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Intercropping Farming: क्या होती है इंटरक्रॉपिंग? एक साथ दो फसलों की खेती कर किसान कैसे बढ़ा सकते हैं अपनी कमाई

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Intercropping Farming(उत्तराखंड पोस्ट) खेती में आधुनिक तकनीकों के इस्तेमाल से किसानों की आय बढ़ाने के नए रास्ते खुल रहे हैं। इन्हीं तकनीकों में इंटरक्रॉपिंग (Intercropping) तेजी से लोकप्रिय हो रही है। इस पद्धति में किसान एक ही खेत में, एक ही मौसम के दौरान दो या उससे अधिक फसलों की खेती करते हैं। इससे खेत की उत्पादकता बढ़ती है, लागत कम होती है और किसानों को अतिरिक्त आय का अवसर मिलता है।

क्या होती है इंटरक्रॉपिंग?

इंटरक्रॉपिंग एक ऐसी कृषि तकनीक है, जिसमें मुख्य फसल के साथ दूसरी फसल को तय दूरी और पंक्तियों के अनुसार लगाया जाता है। दोनों फसलें एक-दूसरे के विकास में बाधा नहीं बनतीं, बल्कि उपलब्ध भूमि, पानी और पोषक तत्वों का बेहतर उपयोग करती हैं। इस तकनीक से किसान एक ही खेत से एक साथ कई फसलों का उत्पादन हासिल कर सकते हैं।

इंटरक्रॉपिंग के लिए किन बातों का रखें ध्यान?

इंटरक्रॉपिंग का पूरा लाभ लेने के लिए फसलों का सही चयन सबसे महत्वपूर्ण होता है। ऐसी फसलें चुननी चाहिए जो एक ही मौसम में उगाई जा सकें और जिनकी पोषक तत्वों की जरूरत अलग-अलग हो, ताकि वे एक-दूसरे से प्रतिस्पर्धा न करें।

इसके अलावा खेत तैयार करते समय दोनों फसलों के बीच पर्याप्त दूरी बनाए रखना जरूरी है। इससे पौधों को पर्याप्त धूप, हवा और पोषण मिलता है, जिससे उनकी बेहतर वृद्धि होती है और उत्पादन बढ़ता है।

इंटरक्रॉपिंग से कैसे बढ़ती है किसानों की आय?

इंटरक्रॉपिंग किसानों के लिए जोखिम कम करने वाली तकनीक भी मानी जाती है। यदि किसी कारण मुख्य फसल को नुकसान हो जाए, तो दूसरी फसल से होने वाली आमदनी नुकसान की भरपाई करने में मदद करती है।

साथ ही, कुछ फसलों की प्राकृतिक गंध कीटों को दूर रखने में सहायक होती है। इससे कीटनाशकों पर होने वाला खर्च कम होता है और खेती की लागत घटती है। कम लागत, बेहतर उत्पादन और अतिरिक्त फसल के कारण किसानों की कुल आय में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हो सकती है।

किसानों के लिए क्यों है फायदेमंद?

  • एक ही खेत से दो या अधिक फसलों का उत्पादन।

  • खेती की कुल लागत में कमी।

  • मिट्टी, पानी और पोषक तत्वों का बेहतर उपयोग।

  • फसल खराब होने की स्थिति में नुकसान का जोखिम कम।

  • कीटनाशकों की आवश्यकता घटने से अतिरिक्त बचत।

  • कुल उत्पादन और मुनाफे में बढ़ोतरी।

इंटरक्रॉपिंग आधुनिक खेती की ऐसी तकनीक है, जो कम लागत में अधिक उत्पादन और बेहतर आय का अवसर प्रदान करती है। सही फसलों का चयन और वैज्ञानिक तरीके से खेती करने पर किसान इस पद्धति से अपनी आमदनी में अच्छी बढ़ोतरी कर सकते हैं।

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