कोरोना काल में इन कर्मचारियों को बड़ा फायदा, सैलरी बढ़ी और मिला बोनस

कोरोना का बिजनस पर बुरी तरह प्रभाव पड़ा है। ऐसे में बहुत से लोगों को नुकसान हुआ है लेकिन कई सेक्टरों में कंपनियां कर्मचारियों की सैलरी में भारी इजाफा कर रही हैं और उन्हें तगड़ा बोनस दिया जा रहा है।
 
Cash

नई दिल्ली (उत्तराखंड पोस्ट) कोरोना का बिजनस पर बुरी तरह प्रभाव पड़ा है। ऐसे में बहुत से लोगों को नुकसान हुआ है लेकिन कई सेक्टरों में कंपनियां कर्मचारियों की सैलरी में भारी इजाफा कर रही हैं और उन्हें तगड़ा बोनस दिया जा रहा है।

कंज्यूमर गुड्स और ऑटो कंपनियां कोरोना काल की चुनौतियों से निपटने में अहम भूमिका निभाने वाले अपने कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए उनकी सैलरी में दहाई अंकों में इजाफा कर रही है और 200 फीसदी तक ज्यादा बोनस दे रही हैं।

दरअसल, पिछले साल जून में लॉकडाउन की पाबंदियों में ढील के बाद इलेक्ट्रॉनिक और स्माटफोन कंपनियों की बिक्री में रेकॉर्ड उछाल आई। यही वजह है कि सैमसंग, एलजी, एपल, श्याओमी और बॉश सिमंस जैसी कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को भारी इनसेंटिव और बोनस दे रही हैं। एफएमसीजी सेक्टर की कंपनियों डाबर, पारले, नेस्ले, टाटा कंज्यूमर्स प्रोडक्टस, पेप्सिको और Amway भी इस साल पिछले साल से ज्यादा सैलरी हाइक और बोनस दे रही हैं।

ऑटो सेक्टर में Hyundai Motor India, Toyota, Honda, Renault, Kia और Skoda Auto Volkswagen के कुल करीब 14,000 कर्मचारियों को इंक्रिमेंट मिला है।

डाबर के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (एचआर) बिप्लव बख्शी के मुताबिक कंपनी इस साल अपने कर्मचारियों को 200 फीसदी वेरिएबल पे-आउट दे रही है। Hyundai Motor India ने वित्त वर्ष 2021 के लिए अपने कर्मचारियों का सालाना इंक्रीमेंट डबल करके 8 फीसदी कर दिया। कंपनी ने रेग्युलर एनुअल इंसेंटिव्स फरवरी में दे दिया था और सैलरी इंक्रीमेंट अप्रैल से लागू किया गया।

देश की सबसे बड़ी अप्लांसेज मेकर एलजी ने इस बार पिछले साल से बेहतर इंक्रीमेंट दिया है। सैमसंग ने अपने कर्मचारियों को 7 से 9 फीसदी इंक्रीमेंट दिया है और टॉप परफॉरमर्स को 11 से 12 फीसदी इंक्रीमेंट मिला है। स्मार्टफोन बनाने वाली देश की सबसे बड़ी कंपनी श्याओमी ने अपने कर्मचारियों को न केवल इंडस्ट्री एवरेज से ज्यादा इंक्रीमेंट दिया है बल्कि आधे महीने की सैलरी के बराबर hardship allowance भी दिया है। कंपनी के प्रवक्ता ने कहा कि कोरोना काल में कंपनी ने कोई छंटनी नहीं की और 10 हजार से ज्यादा रोजगार पैदा किए।

From around the web